मांगों को लेकर नारेबाजी, सरकार को सौंपा ज्ञापन

अघोषित बिजली कटौती पर भड़का अकाली दल, सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा

यादविंदर सिंह यादू नेआरोप लगाया कि नशा खत्म करने की बजाय नशे के खिलाफ आवाज उठाने और नशे संबंधी जानकारी देने वाले लोगों को ही परेशान किया जा रहा है।

By : Just Click National , Sukhwinder Kaur
अघोषित बिजली कटौती पर भड़का अकाली दल, सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा

खन्ना, 17 सितंबर (राजविंद्र राजू) : पंजाब में लगाए जा रहे अघोषित बिजली कटों के विरोध में शिरोमणि अकाली दल विधानसभा हलका खन्ना की ओर से हलका इंचार्ज यादविंदर सिंह यादू की अगुवाई में बुधवार को एस.डी.एम. कार्यालय खन्ना के बाहर धरना दिया गया। इस दौरान अकाली दल के नेताओं व कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और विभिन्न स्लोगन लिखी तख्तियां हाथों में लेकर बिजली मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौंद के खिलाफ रोष जताया। धरने के बाद यादविंदर सिंह यादू की अगुवाई में तहसीलदार गुरचरण सिंह को पंजाब सरकार के नाम मांगपत्र सौंपा गया। इस मौके पर यादविंद्र सिंह यादू ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की ओर से पंजाब को 24 घंटे बिजली सप्लाई देने के दावे किए गए थे, लेकिन मौजूदा हालात इसके विपरीत हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब के लोग लंबे अघोषित बिजली कटों से परेशान हैं और किसानों को भी जरूरत के अनुसार निर्बाध बिजली सप्लाई नहीं मिल रही। उन्होंने आरोप लगाया कि कई इलाकों में कई-कई घंटे बिजली कट लग रहे हैं, जबकि किसानों को मोटरों के लिए भी चार घंटे से अधिक बिजली नहीं मिल रही। इससे धान की फसल प्रभावित हो रही है और किसानों की मुश्किलें बढ़ रही हैं। यादू ने कहा कि बिजली कटों के कारण उद्योगों पर भी असर पड़ रहा है और फैक्ट्रियों का काम प्रभावित हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली मंत्री की ओर से इस समस्या के समाधान के लिए पर्याप्त कदम नहीं उठाए जा रहे। उन्होंने कहा कि बिजली मंत्री का विधानसभा क्षेत्र खन्ना होने के बावजूद यहां भी अघोषित बिजली कट लगाए जा रहे हैं, जिससे हर वर्ग प्रभावित हो रहा है। यादविंदर सिंह यादू ने पंजाब सरकार की नशा विरोधी मुहिम पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि नशा खत्म करने के बजाय नशे के खिलाफ आवाज उठाने और नशे संबंधी जानकारी देने वाले लोगों को ही परेशान किया जा रहा है। उन्होंने एस.सी. समुदाय से संबंधित गुलजार सिंह के मामले का जिक्र करते हुए सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में नशा खुलेआम बिक रहा है, जिसके कारण नौजवान पीढ़ी नशे की दलदल में फंस रही है। उन्होंने कहा कि पंजाब में बदलाव लाने के लिए लोगों के साथ-साथ कर्मचारियों ने भी आम आदमी पार्टी को वोट दिए थे, लेकिन आज विभिन्न विभागों के कर्मचारी धरने और प्रदर्शन कर रहे हैं, जिससे आम लोगों के काम प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान करने में विफल रही है। यादू ने अकाली दल सरकार के कार्यकाल का उल्लेख करते हुए कहा कि उस समय विभिन्न वर्गों के लिए योजनाएं लागू करने के साथ कर्मचारियों के हितों का भी ध्यान रखा जाता था। यादू ने मांग की कि बिजली लोगों की बुनियादी जरूरत है और सरकार हर वर्ग को निर्बाध एवं नियमित बिजली सप्लाई सुनिश्चित करे।

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