हिमाचल में अचानक बारिश: भूस्खलन, फ्लड का खतरा

हिमाचल में भारी बारिश का कहर, चंबा सबसे ज्यादा प्रभावित, दो दिन ऑरेंज अलर्ट, 179 सड़कें बंद

हिमाचल प्रदेश में प्रारंभिक अलर्ट के बावजूद तेज़ बारिश ने भूस्खलन और फ्लैशफ्लड का खतरा बढ़ा दिया। चम्बा जिले में सारी रात बनी रेग्यूलर विस्वास्कार, जिसमें 140 मिमी की मात्रा रिकॉर्ड हुई। राजधानी शिमला को भी गंभीर प्रभावित किया।

By : Harmanjot Singh , Just Click National
हिमाचल में भारी बारिश का कहर, चंबा सबसे ज्यादा प्रभावित, दो दिन ऑरेंज अलर्ट, 179 सड़कें बंद

शिमला,  (हि.स.) हिमाचल प्रदेश में ओरेंज अलर्ट के बीच हुई व्यापक बारिश का जनजीवन पर खासा असर पड़ा है। चम्बा जिला सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ, जहां कई घर भूस्खलन व फ्लैश फ्लड की चपेट में आये। बीते 24 घंटे में सबसे अधिक 140 मिलीमीटर बारिश चंबा जिले के जोत में दर्ज की गई। इसके अलावा बिलासपुर के नैना देवी में 120 मिमी, चंबा के चुआड़ी में 110 मिमी, मंडी के कटौला में 90 मिमी, मुरारी देवी में 80 मिमी, कांगड़ा के घमरूरू और शिमला में 60-60 मिमी तथा बिलासपुर के ब्राह्मणी और ऊना में 50-50 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। राजधानी शिमला में सोमवार देर रात से मंगलवार सुबह तक तेज बारिश हुई। कार्ट रोड पर कांग्रेस कार्यालय के आगे भूस्खलन होने से कुछ समय के लिए वाहनों की आवाजाही प्रभावित रही, हालांकि किसी तरह का नुकसान नहीं हुआ। दिन में बालूगंज-चक्कर सड़क पर एक सूखा पेड़ गिरने से यातायात कुछ देर बाधित रहा। दिन के समय बारिश नहीं होने से लोगों को कुछ राहत मिली। मौसम विभाग ने बुधवार के लिए चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सिरमौर और सोलन जिलों में फ्लैश फ्लड की चेतावनी जारी की है। विभाग ने लोगों से भूस्खलन और फ्लैश फ्लड संभावित क्षेत्रों में नहीं जाने, नदियों-नालों से दूरी बनाए रखने, जलभराव वाले इलाकों से बचने, यातायात सलाह का पालन करने और मौसम संबंधी चेतावनियों पर नजर रखने की अपील की है।