मोर्चा ने 21 अगस्त को पंजाब बंद का किया ऐलान

बंदी सिखों की रिहाई को कौमी इंंसाफ मोर्चा का चंडीगढ़ कूच, पुलिस ने रोका

पुलिस ने चंडीगढ़़ के सिख दलों को रोकने के लिए आंसू गैस व वाटर कैनन का किया प्रयोग, सिमरजीत मान को लिया हिरासत में<br/><br/>

By : Just Click National , Sukhwinder Kaur
बंदी सिखों की रिहाई को कौमी इंंसाफ मोर्चा का चंडीगढ़ कूच, पुलिस ने रोका

चंडीगढ़ कूच का प्रयास करते प्रदर्शनकारी

 

चंडीगढ़, 15 अगस्त (हि.स.) : राज्य की जेलों में बंद सजा पूरी कर चुके सिख बंदियों की रिहाई को लेकर शनिवार को कौमी इंसाफ मोर्चा ने आज मोहाली से चंडीगढ़ की तरफ कूच का भरसक प्रयास किया, लेकिन चंडीगढ़ की सीमा पर पुलिस ने उन्हें रोक दिया। प्रदर्शनकारियों की भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को आंसू गैस और वाटर कैनन का प्रयोग करना पड़ा। वहीं कौमी इंसाफ मोर्चा ने संघर्ष को तेज करते हुए 21 अगस्त को पंजाब बंद का ऐलान किया है। बता दें कि मोर्चा द्वारा बंदी सिखाें की रिहाई के लिए 7 जनवरी 2023 से मोहाली में चंडीगढ़ सीमा पर धरना दिया जा रहा है। सिख समुदाय के सैंकड़ों लोग जगतार सिंह हवारा व उसके साथियों, बलवंत सिंह राजोआणा समेत कई कट्टरपंथियों की रिहाई की मांग कर रहे हैं। कौमी इंसाफ मोर्चा पहले भी उग्र प्रदर्शन कर चुका है। हालांकि आज प्रदर्शन से पहले जेल में बंद जगतार सिंह हवारा के एक वीडियो संदेश को धरना स्थल पर चलाया गया, जिसमें उनके द्वारा प्रदर्शन को शांतिपूर्ण रखने की अपील की गई थी। बावजूद इसमे मोहाली-चंडीगढ़ सीमा पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच टकराव की स्थिति बन गई। पुलिस महानिदेशक सागरप्रीत हुड्डा भी घटनास्थल पर पहुंचे। कौमी इंसाफ मोर्चा की अगुवाई में मोहाली से चंडीगढ़ में गवर्नर हाऊस जा रहे प्रदर्शनकारी वाई.पी.एस. चौक के पास इकट्ठा हुए। उन्हें रोकने के लिए चंडीगढ़ पुलिस ने एहतियात के तौर पर सुबह से ही बॉर्डर सील कर दिया। उग्र भीड़ ने ट्रैक्टर की मदद से बैरीकेडिंग तोड़ने की कोशिश की तो पुलिस ने वाटर कैनन चला था। इसके पर भी प्रदर्शनकारी नहीं माने तो उन्हें खदेड़ने के लिए उन पर गन और ड्रोन की मदद से आंसू गैस के गोले दागे गए। चंडीगढ़ में गवर्नर हाऊस के करीब पहुंचे शिरोमणि अकाली दल (अ) के अध्यक्ष और पूर्व सांसद सिमरनजीत सिंह मान को हिरासत में ले लिया गया। इस हंगामे के दौरान दर्जनों की संख्या में प्रदर्शनकारी तथा पुलिस के जवान चोटिल भी हुए। स्थिति को देखते हुए चंडीगढ़ के उपायुक्त निशांत यादव, डी.जी.पी. सारगप्रीत हुड्डा और एस.एस.पी. कंवरदीप कौर मौके पर पहुंचे। हंगामे के बाद कौमी इंसाफ मोर्चा के नेताओं ने 21 अगस्त को पंजाब बंद का ऐलान किया। उधर चंडीगढ़ की एस.एस.पी. कंवरप्रीत कौर ने बताया कि कौमी इंसाफ मोर्चा ने 15 अगस्त को पंजाब लोक भवन जाने का ऐलान किया गया था, जिनकी कई मांगें थी। उन्होंने बताया कि पिछले दो हफ्ते से प्रशासन की मोर्चा नेताओं के साथ प्रदर्शन शांतिपूर्वक करने के लिए बात हो रही थी, लेकिन बावजूद इसके आज कुछ लोगों ने बैरीकेड तोड़ने का प्रयास किया। जब वे नहीं माने तो मजबूरन पुलिस को आंसू गैस और वाटर कैनन का प्रयोग करना पड़ा। प्रदर्शनकारियों द्वारा किए गए पथराव में कई पुलिस कर्मी घायल हुए हैं। वहीं चंडीगढ़ में प्रवेश करने का प्रयास करने वालों को हिरासत में लिया गया है।

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