लुधियाना में महिला की मौत डॉक्टर पर आरोप

लुधियाना में प्राइवेट डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप, वैक्सीन लगवाने के बाद महिला की मौत

लुधियाना में एक प्राइवेट डॉक्टर की कथित लापरवाही से 42 साल की महिला की संदिग्ध हालात में मौत का मामला सामने आया है।

By : Just Click National , Harpreet Singh
लुधियाना में प्राइवेट डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप, वैक्सीन लगवाने के बाद महिला की मौत

लुधियाना, (हि.स.) लुधियाना में एक प्राइवेट डॉक्टर की कथित लापरवाही से 42 साल की महिला की संदिग्ध हालात में मौत का मामला सामने आया है। महिला को हल्का ब्लड प्रेशर (BP) की दिक्कत थी और उसके परिवार वाले उसे इलाज के लिए एक प्राइवेट क्लिनिक ले गए थे। परिवार का आरोप है कि डॉक्टर ने बिना टेस्टिंग के वैक्सीन लगा दी, जिसके बाद महिला की तबीयत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। मृतका की पहचान रजनी (42) के रूप में हुई है, जो खूई वाली गली, इस्लाम गंज की रहने वाली थी। उसके पति राजू गिल ने बताया कि रजनी को घबराहट हो रही थी और ब्लड प्रेशर से जुड़ी दिक्कतें थीं। इसके बाद वे उसे उसके घर के पास ही एक प्राइवेट डॉक्टर के क्लिनिक ले गए। परिवार का आरोप है कि डॉक्टर ने न तो कोई जांच की और न ही जरूरी टेस्ट किए, बल्कि सीधे वैक्सीन लगा दी। इंजेक्शन लगने के तुरंत बाद रजनी के मुंह से हरे रंग का झाग निकलने लगा। जब परिवार ने डॉक्टर से इस बारे में पूछा तो वह घबरा गया और मरीज को तुरंत बड़े अस्पताल ले जाने को कहा। राजू गिल ने यह भी आरोप लगाया कि क्लिनिक में इमरजेंसी की स्थिति से निपटने का कोई इंतजाम नहीं था और डॉक्टर ने एंबुलेंस बुलाने से भी मना कर दिया। इसके बाद परिवार अपने दोस्तों की मदद से रजनी को एक्टिवा पर सिविल अस्पताल ले गया, जहां ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद गुस्साए परिवार वालों और स्थानीय लोगों ने मोहल्ला न्यू हरगोबिंद नगर में कथित डॉक्टर के घर के बाहर धरना दिया। भारतीय वाल्मीकि धर्म समाज की जिला अध्यक्ष नेहा भी अपने समर्थकों के साथ धरने में शामिल हुईं। प्रदर्शनकारियों ने डॉक्टर को तुरंत गिरफ्तार करने और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की और चेतावनी दी कि जब तक न्याय नहीं मिलता, संघर्ष जारी रहेगा। धरने की सूचना मिलने पर थाना डिवीजन नंबर 3 के ASI जसपाल सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने पीड़ित परिवार को निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया, जिसके बाद करीब चार घंटे तक चला धरना खत्म हुआ। थाना डिवीजन नंबर 2 के इंचार्ज जसवीर सिंह ने बताया कि परिवार की शिकायत पर आरोपी डॉक्टर के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। मृतक के शव को सिविल अस्पताल के मुर्दाघर में रखवा दिया गया है और उसका पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा। पुलिस का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी और अगर लापरवाही साबित होती है तो आरोपी डॉक्टर को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।